लिखित रूप
| लिपि | रूप | पुराने अभिलेख |
|---|---|---|
| देवनागरी | सहनाज | — |
हर लिपि के आँकड़े अलग हैं। अलग लिपियों के रिकॉर्ड जोड़कर कुल नहीं निकाला जाता।
पुरानी मतदाता सूचियों के समेकित आँकड़े
भारत में सहनाज नाम का प्रयोग
२,०५,४७२ पुराने अभिलेख। ये मुख्यतः वयस्कों के रिकॉर्ड हैं, वर्तमान नवजात शिशुओं के नामों की गिनती नहीं।
| वर्ग | अभिलेख |
|---|---|
| महिला | २,०१,३०६ |
| पुरुष | ४,१६६ |
जन्म दशक के अनुसार अनुपात
हर जन्म समूह के एक लाख अभिलेखों में इस नाम का अनुपात। किसी दशक में अधिक रिकॉर्ड होने से उसका अनुपात अधिक होना आवश्यक नहीं है।
जन्म दशक के अनुसार मूल गिनती
| जन्म दशक | अभिलेख |
|---|---|
| १९३० का दशक | २६० |
| १९४० का दशक | १,४०८ |
| १९५० का दशक | ७,९०६ |
| १९६० का दशक | ३०,३७४ |
| १९७० का दशक | ५३,४३६ |
| १९८० का दशक | ६६,८१४ |
| १९९० का दशक | ४५,०७२ |
| अन्य दशक | २०२ |
राज्य या केंद्रशासित प्रदेश
| राज्य या प्रदेश | अभिलेख |
|---|---|
| उत्तर प्रदेश | ९४,३०७ |
| बिहार | ५०,४५२ |
| राजस्थान | १८,८९३ |
| मध्य प्रदेश | १५,२३७ |
| झारखंड | १४,०८० |
| उत्तराखंड | ४,९८८ |
| हरियाणा | ३,७२४ |
| महाराष्ट्र | ३,२२६ |
| हिमाचल प्रदेश | २७० |
| पंजाब | १४५ |
| अन्य राज्य | १५० |
स्रोत: Naampy, संस्करण ३, भारत, १० जून २०२५। जन्म वर्ष १९१०–२००१। सौ से कम गिनती और आवश्यकता होने पर एक दूसरी गिनती भी छिपाई जाती है। छिपी गिनती का अर्थ शून्य नहीं है।
तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल के रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं हैं। तेलंगाना आंध्र प्रदेश में शामिल है। पुडुचेरी अलग दर्ज है।
स्रोत और संदर्भ
स्रोत में दिए शब्द का अर्थ और नाम का प्रयोग अलग प्रमाण हैं। अर्थ और आँकड़ों की पद्धति पढ़ें।